कृषि के विशेष प्रकार I Special types of agriculture
कृषि के विशेष प्रकार
1.
व्यापरिक स्तर पर शहद उत्पादन हेतु किया जाने वाला मधुमक्खी या मौन
पालन का कार्य है.
2.
आरबीकल्चर – विशेष प्रकार के वृक्षों तथा झाड़ियों की कृषि जिसमें उनका संरक्षण और संवर्धन भी शामिल है.
3.
फ्लोरीकल्चर –
व्यापरिक स्तर पर की जाने वाली फूलों की कृषि
4.
हार्टिकल्चर – व्यापारिक स्तर पर किया जाने वाला विभिन्न प्रकार के फलों का उत्पादन
5.
हार्सीकल्चर - सवारी और यातायात के लिए उन्नत प्रजाति के घोड़ों और खच्चरों के व्यापारिक स्तर पर पालने की क्रिया.
6.
मेरीकल्चर – व्यापरिक उद्देश्यों की पूर्ति हेतु समुद्री जीवों के उत्पादन की
क्रिया जमीन पर फैलने वाली विभिन्न प्रकार की सब्जियों की कृषि
7.
ओलेरीकल्चर – जमीन पर फैलने वाली विभिन्न प्रकार की सब्जियों की कृषि
8.
पीसीकल्चर – व्यापरिक स्तर पर की जाने वाली मछली पालन की क्रिया
9.
सिल्विकल्चर –
व्यापारिक स्तर पर की जाने वाली रेशमपालन की क्रिया जिसमें शहतूत आदि की कृषि भी
सम्मिलित होती है.
10.
वितिकल्चार –
व्यापारिक स्तर पर की जाने वाली अंगूर उत्पादन की क्रिया.
11.
वेजीकल्चर – द.
पू. एशिया में आदि मानव द्वारा सर्वप्रथम की गई वृक्षों की आदिम कृषि
12.
ओलिविकल्चर – व्यापारिक स्तर पर की जाने वाली जैतून (OLive) की कृषि
13.
वर्मीकल्चर – व्यापरिक स्तर पर की जाने वाली केंचुआ पालन की क्रिया
14.
मोरीकल्चर – रेशम
कीट हेतु व्यापारिक स्तर पर की जाने वाली शहतूत की कृषि